Latest / Breaking
Latest / Breaking
Thursday, September 23, 2021

ग्लेशियर टूटने से उत्तराखंड में सैलाब, देखें-तबाही की तस्वीरें

ग्लेशियर फटने के बाद जोशीमठ की एसडीएम कुमकुम जोशी ने कहा की नदी पूरी तरह मलबे में तब्दील हो चुकी है जो बह रही है.आसपास के गांवों को जल्द से जल्द खाली करा लिया गया है और कई लोगों के घायल होने की भी खबर है.

उत्तराखंड के चमोली में ग्लेशियर टूटने से भारी नुकसान की आशंका है. राज्य के डीजीपी के मुताबिक ग्लेशियर फटने से 50 से ज्यादा लोग बह गए हैं जिन्हें ढूंढने के लिए रेस्क्यू टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है. एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के अलावा आईटीबीपी और सेना की भी मदद ली जा रही है और निचले इलाकों को तेजी से खाली कराया जा रहा है. लोगों को नदी किनारे से दूर जाने की चेतावनी जारी किया है.

यह ग्लेशियर उत्तराखंड के चमोली में फटा है और इससे ऋषि गंगा पावर प्रोजेक्ट पूरी तरह बर्बाद हो गया है. कई घरों के बहने की आशंका जताई जा रही है. जोशीमठ के एडीएम अनिल चान्याल के मुताबिक पानी की रफ्तार बहुत तेज है जिससे कई पुल भी बह गए हैं और कई गांवों से संपर्क भी टूट गया है.


 

ग्लेशियर फटने के बाद जोशीमठ की एसडीएम कुमकुम जोशी ने कहा की नदी पूरी तरह मलबे में तब्दील हो चुकी है जो बह रही है.आसपास के गांवों को जल्द से जल्द खाली करा लिया गया है और कई लोगों के घायल होने की भी खबर है.

चमोली जिले के रैणी गांव के ऊपर वाले हिस्से में ये ग्लेशियर टूटा है. जिस कारण यहां पावर प्रोजेक्ट ऋषि गंगा को भारी नुकसान पहुंचा है. ग्लेशियर की तबाही के साथ तपोवन में बैराज को भी क्षति पहुंचने की जानकारी मिली है. प्रशासन की टीम मौके के लिए रवाना हो गई है. अभी वहां स्थिति पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है.


 

निचले इलाकों में आईटीबीपी के 200 से ज्यादा जवानों को बचाव कार्य में लगाया गया है. SDRG की 10 टीमें भी मौके पर पहुंचीं हैं. हरिद्वार, ऋषिकेष और श्रीनगर में अलर्ट जारी कर दिया गया है. राज्य के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत खुद राहत बचाव कार्यों की पल-पल की जानकारी ले रहे हैं.